HSLC Guru में आपका स्वागत है। इस लेख में हम ASSEB (असम राज्य माध्यमिक शिक्षा बोर्ड) Class 8 Hindi Elective (पल्लव भाग-3) के पाठ 14 – “मैं हूँ महाबाहु ब्रह्मपुत्र” के सम्पूर्ण प्रश्नोत्तर प्रस्तुत कर रहे हैं। यह पाठ असम की जीवन-रेखा ब्रह्मपुत्र नदी पर आधारित एक भावपूर्ण गद्य-काव्य (lyrical prose) है जिसमें ब्रह्मपुत्र स्वयं अपनी आत्मकथा सुनाता है। असम के विद्यार्थियों के लिए यह पाठ विशेष महत्व रखता है क्योंकि ब्रह्मपुत्र उनकी संस्कृति, जीवन और पहचान का अभिन्न अंग है। यहाँ आपको पाठ-परिचय, पाठ्यपुस्तक के सभी प्रश्नोत्तर, अतिरिक्त महत्वपूर्ण प्रश्नोत्तर तथा शब्दार्थ एक साथ मिलेंगे। यह सामग्री ASSEB परीक्षा की तैयारी के लिए अत्यंत उपयोगी है।
पाठ-परिचय (Summary)
“मैं हूँ महाबाहु ब्रह्मपुत्र” एक अनूठा गद्य-काव्य है जिसमें ब्रह्मपुत्र नदी स्वयं प्रथम पुरुष में बोलती है और अपनी उत्पत्ति, यात्रा, सांस्कृतिक महत्त्व तथा समकालीन समस्याओं का वर्णन करती है। इस पाठ में ब्रह्मपुत्र बताता है कि उसका जन्म कैलाश पर्वत के नीचे मानसरोवर के पास स्थित चेमा युंगदुंग हिमानी (ग्लेशियर) से हुआ है, जो पृथ्वी की सतह से 5100 मीटर की ऊँचाई पर और मानसरोवर से लगभग 100 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। पुराणों के अनुसार उसकी माँ अमोघा और पिता ब्रह्मा हैं, इसीलिए उसका नाम ब्रह्मपुत्र पड़ा।
ब्रह्मपुत्र अपनी दीर्घ यात्रा का वर्णन करता है। बचपन में वह पूर्व दिशा की ओर बहता था। तिब्बत में उसे ‘सॉ-पो’ कहते हैं और अरुणाचल में प्रवेश करने पर वह ‘सियांग’ नाम से जाना जाता है। असम में आकर वह ‘ब्रह्मपुत्र’ और ‘बूढ़ा लूइट’ कहलाता है, जबकि मिश्मी जनजाति के लोग उसे ‘लूइत’ के नाम से पुकारते हैं। वह बताता है कि उसके दाहिनी ओर से सुवनशिरी, जीयाभरली, धनशिरी, बरनदी, मानस, सोणकोष और तिस्ता नामक नदियाँ आकर मिलती हैं, जबकि बाईं ओर से बूढ़ी दिसांग, दिखौ, झांझी और जिजिराम नदियाँ मिलती हैं। अंत में वह बांग्लादेश में जमुना, पद्मा और मेघना नाम धारण करते हुए बंगाल की खाड़ी में समा जाता है।
ब्रह्मपुत्र असम की संस्कृति का पोषक है। वह अपनी गोद में विश्व के सबसे बड़े नदी-द्वीपों में से एक माजुली को समाए हुए है, जो असमिया वैष्णव संस्कृति का केंद्र है। उसके किनारे पर माँ कामाख्या का प्रसिद्ध मंदिर नीलाचल पहाड़ी पर स्थित है। उसके किनारे धुबरी, गोवालपाड़ा, पलाशबाड़ी, शुवालकुछि, गुवाहाटी, तेजपुर, डिब्रूगढ़ जैसे प्रसिद्ध नगर बसे हुए हैं। काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान उसका प्रिय साथी है जहाँ एक सींग वाला गैंडा रहता है। भूपेन हाजरीका ने उस पर गीत लिखे और देवेंद्र सत्यार्थी ने उसे विषय बनाकर उपन्यास लिखा।
पाठ का एक महत्वपूर्ण पक्ष पर्यावरणीय चिंता है। ब्रह्मपुत्र बताता है कि बरसात के दिनों में उसकी जलधारा उग्र हो उठती है और बाढ़ से गाँव-के-गाँव डूब जाते हैं, खेत-खलिहान नष्ट हो जाते हैं और वन्य प्राणी संकट में पड़ जाते हैं। इस बाढ़ का मुख्य कारण है — किनारे के वनों की कटाई, जिससे वर्षा का पानी मिट्टी काटकर नदी में आ मिलता है और उसकी पेटी उथली होती जा रही है। इसके साथ ही कूड़ा-कचरा डालने से भी नदी की गहराई कम होती जा रही है। ब्रह्मपुत्र मानवता से आग्रह करता है कि उसके किनारे वनों को सुरक्षित रखा जाए, मिट्टी का कटाव रोका जाए और नदी को स्वच्छ रखा जाए। यह पाठ केवल भूगोल का पाठ नहीं है — यह असम की आत्मा का परिचय है।
पाठ्यपुस्तक के प्रश्नोत्तर (Textbook Questions and Answers)
अभ्यास-माला
1. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर एक वाक्य में दो —
क) ब्रह्मपुत्र अंत में अपने को किस खाड़ी में सौंप देता है?
उत्तरः ब्रह्मपुत्र अंत में अपने को बंगाल की खाड़ी में सौंप देता है।
ख) पुराणों के अनुसार ब्रह्मपुत्र की माँ कौन है?
उत्तरः पुराणों के अनुसार ब्रह्मपुत्र की माँ अमोघा है।
ग) पुराणों के अनुसार ब्रह्मपुत्र के पिता कौन हैं?
उत्तरः पुराणों के अनुसार ब्रह्मपुत्र के पिता ब्रह्मा हैं।
घ) मिश्मी लोग ब्रह्मपुत्र को किस नाम से पुकारते हैं?
उत्तरः मिश्मी लोग ब्रह्मपुत्र को ‘लूइत’ नाम से पुकारते हैं।
ङ) प्रमुख नदी-द्वीप माजुली किसकी गोद में बसा है?
उत्तरः प्रमुख नदी-द्वीप माजुली ब्रह्मपुत्र की गोद में बसा है।
च) नीलाचल पहाड़ी पर किसका मंदिर है?
उत्तरः नीलाचल पहाड़ी पर माँ कामाख्या का मंदिर है।
2. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दो —
क) ब्रह्मपुत्र के जन्म के साथ किन-किन का संबंध बताया जाता है?
उत्तरः ब्रह्मपुत्र के जन्म के साथ दो प्रकार के संबंध बताए जाते हैं। पौराणिक दृष्टि से — पुराणों के अनुसार ब्रह्मपुत्र की माँ का नाम अमोघा और पिता का नाम ब्रह्मा है, इसीलिए उसका नाम ब्रह्मपुत्र (ब्रह्मा का पुत्र) पड़ा। भूगर्भ शास्त्रीय दृष्टि से — भूगर्भ शास्त्र के विद्वान मानते हैं कि ब्रह्मपुत्र की उत्पत्ति कैलाश पर्वत के नीचे मानसरोवर के पास स्थित चेमा युंगदुंग नामक विशाल हिमानी (ग्लेशियर) से हुई है, जो मानसरोवर से लगभग 100 किलोमीटर की दूरी पर और पृथ्वी की सतह से 5100 मीटर की ऊँचाई पर स्थित है।
ख) ब्रह्मपुत्र की सही उत्पत्ति कहाँ से हुई?
उत्तरः भूगर्भ शास्त्र के विद्वानों के अनुसार ब्रह्मपुत्र की सही उत्पत्ति कैलाश पर्वत के नीचे मानसरोवर के पास स्थित चेमा युंगदुंग नामक विशाल हिमानी से हुई है। यह हिमानी मानसरोवर से लगभग 100 किलोमीटर दूर और पृथ्वी की सतह से 5100 मीटर की ऊँचाई पर स्थित है।
ग) ब्रह्मपुत्र के साथ दाहिनी तथा बाईं ओर से आकर मिलने वाली नदियों के नाम लिखो।
उत्तरः ब्रह्मपुत्र के साथ दाहिनी ओर से आकर मिलने वाली नदियाँ हैं — सुवनशिरी, जीयाभरली, धनशिरी, बरनदी, मानस (मानाह), सोणकोष और तिस्ता। बाईं ओर से आकर मिलने वाली नदियाँ हैं — बूढ़ी दिसांग, दिखौ, झांझी और जिजिराम।
घ) बांग्लादेश में जाकर मिलने के बाद ब्रह्मपुत्र को किन नामों से जाना जाता है?
उत्तरः बांग्लादेश में जाकर ब्रह्मपुत्र को जमुना, पद्मा और मेघना नामों से जाना जाता है।
ङ) बरसात के दिनों में ब्रह्मपुत्र का वर्णन करो।
उत्तरः बरसात के दिनों में ब्रह्मपुत्र का जल-स्तर बहुत बढ़ जाता है और उससे जुड़ी सारी नदियाँ भी उफान पर होती हैं। किनारे के वनों की कटाई और मिट्टी का कटाव होने तथा कूड़ा-कचरा फेंके जाने के कारण ब्रह्मपुत्र की पेटी निरंतर उथली होती जा रही है, जिससे बाढ़ की विकराल समस्या बढ़ती जा रही है। हर वर्ष बाढ़ से कई गाँवों के लोगों को घर-बार छोड़ना पड़ता है, फसलें नष्ट हो जाती हैं और काजीरंगा जैसे राष्ट्रीय उद्यानों के वन्य प्राणी खतरे में पड़ जाते हैं।
च) भूगर्भ शास्त्र के विद्वान ब्रह्मपुत्र की उत्पत्ति कहाँ से मानते हैं?
उत्तरः भूगर्भ शास्त्र के विद्वान ब्रह्मपुत्र की उत्पत्ति कैलाश पर्वत के नीचे मानसरोवर के पास स्थित चेमा युंगदुंग नामक विशाल हिमानी से मानते हैं, जो मानसरोवर से लगभग 100 किलोमीटर दूर और पृथ्वी की सतह से 5100 मीटर की ऊँचाई पर है। वे यह भी मानते हैं कि ब्रह्मपुत्र हिमालय पर्वत से भी पुरानी नदी है।
छ) ब्रह्मपुत्र जैसे जलमार्ग के जरिए कौन-कौन सी सुविधाएँ उपलब्ध हुई हैं?
उत्तरः ब्रह्मपुत्र जैसे जलमार्ग से निम्नलिखित सुविधाएँ उपलब्ध हुई हैं — (1) ब्रह्मपुत्र भारत का राष्ट्रीय जलमार्ग संख्या-2 है जिससे माल ढुलाई होती है। (2) इसके सहारे रेलमार्ग बिछाने और असम के चाय बागानों तक यातायात पहुँचाने में सहायता मिली। (3) इस पर बने रेल और सड़क पुलों से परिवहन और व्यापार सुगम हुआ है। (4) यह पर्यटकों को स्टीमर पर 7 से 15 दिन तक नदी-यात्रा का अनुभव देता है। (5) यह कृषि, मत्स्य पालन और जल विद्युत उत्पादन में भी सहायक है।
ज) ब्रह्मपुत्र के किनारे बसे प्रसिद्ध नगरों के नाम लिखो।
उत्तरः ब्रह्मपुत्र के किनारे बसे प्रसिद्ध नगरों के नाम हैं — धुबरी, गोवालपाड़ा, पलाशबाड़ी, शुवालकुछि, गुवाहाटी, तेजपुर और डिब्रूगढ़।
3. निम्नलिखित का आशय स्पष्ट करो —
क) “मैं असम की संस्कृति का पोषक हूँ।”
उत्तरः इस कथन का आशय है कि ब्रह्मपुत्र केवल एक नदी नहीं है, बल्कि असम की सांस्कृतिक धरोहर का मूल आधार है। ब्रह्मपुत्र की गोद में स्थित माजुली द्वीप असमिया वैष्णव संस्कृति का प्राण केंद्र है जहाँ सत्र-संस्कृति और अंकिया नाट की परंपरा जीवित है। उसके किनारे माँ कामाख्या का शक्तिपीठ है। असमिया महिलाएँ हाथकरघे पर बुनी मेखला चादर और रिहा-मेखला पहनती हैं तथा पुरुष सुरिया (धोती) और सेलेंग चादर धारण करते हैं — यह समृद्ध वस्त्र-संस्कृति भी ब्रह्मपुत्र की देन है। बिहू जैसे त्योहार और नाव-दौड़ जैसी परंपराएँ भी नदी से जुड़ी हैं। इस प्रकार ब्रह्मपुत्र असम की भाषा, संस्कृति, परंपरा और पहचान का पोषण करता है।
ख) “मैं सिर्फ एक नद या जल-प्रवाह नहीं हूँ, बल्कि मैं अपने समाज का विनम्र सहायक और साथी हूँ।”
उत्तरः इस कथन का आशय है कि ब्रह्मपुत्र केवल पानी का एक बहाव नहीं है। वह असम के समाज के जीवन का अनिवार्य अंग है। वह परिवहन का माध्यम रहा है — स्टीमर, नाव और पुलों के जरिए। उस पर बने रेल और सड़क पुलों ने असम को देश से जोड़ा। वह भारत का राष्ट्रीय जलमार्ग संख्या-2 है। वह कृषि के लिए जल और मत्स्य पालन के लिए मछलियाँ प्रदान करता है। उसके किनारे की उपजाऊ भूमि पर असम के किसान फसलें उगाते हैं। इस प्रकार ब्रह्मपुत्र रोजगार, खाद्य, परिवहन और ऊर्जा — हर क्षेत्र में समाज का विनम्र सहायक और साथी है।
4. सही उत्तर चुनो —
क) _______ नामक राष्ट्रीय उद्यान मेरा साथी है।
उत्तरः काजीरंगा नामक राष्ट्रीय उद्यान मेरा साथी है।
ख) _______ ने मुझे विषय बनाकर एक उपन्यास लिखा।
उत्तरः देवेंद्र सत्यार्थी ने मुझे विषय बनाकर एक उपन्यास लिखा।
ग) लालची मनुष्यों ने मेरे किनारे के _______ नष्ट किए।
उत्तरः लालची मनुष्यों ने मेरे किनारे के वन नष्ट किए।
घ) _______ ने मुझ पर एक गीत गाया।
उत्तरः भूपेन हाजरीका ने मुझ पर एक गीत गाया।
5. शब्दार्थ (Vocabulary)
| शब्द | अर्थ |
|---|---|
| महाबाहु | विशाल भुजाओं वाला / अत्यंत शक्तिशाली |
| हिमानी | हिमनद / ग्लेशियर / बर्फ का विशाल जमाव |
| दुर्गम | जहाँ पहुँचना कठिन हो / अगम्य |
| खाड़ी | समुद्र का वह भाग जो तीन ओर से भूमि से घिरा हो |
| पठार | समतल ऊँचा भूभाग |
| घाटी | पहाड़ों के बीच की निचली भूमि |
| जल-प्रवाह | पानी का बहाव |
| परंपरा | पीढ़ी दर पीढ़ी चली आ रही रीति |
| थाती | विरासत / धरोहर |
| पर्यटन | घूमना-फिरना / यात्रा करना |
| मुहाना | नदी का वह स्थान जहाँ वह समुद्र में मिलती है |
| लालची | जो दूसरों की चीज हड़पना चाहे / लोभी |
| उथली | जिसकी गहराई कम हो / छिछली |
| पर्यटक | घूमने-फिरने जाने वाला यात्री / सैलानी |
| पेटी | नदी का वह हिस्सा जिसमें वह बहती है / नदी-तल |
| तट | नदी, समुद्र या झील का किनारा |
| नद | बड़ी नदी (पुल्लिंग) / महानदी |
| पोषक | पालन-पोषण करने वाला / पोषण प्रदान करने वाला |
अतिरिक्त प्रश्नोत्तर (Additional Questions and Answers)
अति लघु उत्तरीय प्रश्न (Very Short Answer Questions)
प्रश्न 1. “मैं हूँ महाबाहु ब्रह्मपुत्र” पाठ किस प्रकार की रचना है?
उत्तरः यह पाठ एक गद्य-काव्य (lyrical prose) है जिसमें ब्रह्मपुत्र नदी स्वयं प्रथम पुरुष में बोलकर अपनी आत्मकथा प्रस्तुत करती है।
प्रश्न 2. तिब्बत में ब्रह्मपुत्र को क्या कहते हैं?
उत्तरः तिब्बत (चीन) में ब्रह्मपुत्र को ‘सॉ-पो’ कहते हैं, जिसका अर्थ है ‘महान नदी’।
प्रश्न 3. असम में ब्रह्मपुत्र किस दिशा में बहता है?
उत्तरः असम में ब्रह्मपुत्र पूर्व से पश्चिम दिशा की ओर बहता है।
प्रश्न 4. चेमा युंगदुंग हिमानी किस पर्वत के नीचे स्थित है?
उत्तरः चेमा युंगदुंग हिमानी कैलाश पर्वत के नीचे मानसरोवर के पास स्थित है।
प्रश्न 5. पर्यटक स्टीमर में ब्रह्मपुत्र की गोद में कितने दिन रहते हैं?
उत्तरः पर्यटक स्टीमर में ब्रह्मपुत्र की गोद में 7 से 15 दिन तक रहते हैं।
प्रश्न 6. ब्रह्मपुत्र भारत का कौन-सा राष्ट्रीय जलमार्ग है?
उत्तरः ब्रह्मपुत्र भारत का राष्ट्रीय जलमार्ग संख्या-2 है।
प्रश्न 7. असम में ब्रह्मपुत्र के किनारे पर स्थित प्रसिद्ध शक्तिपीठ का नाम बताओ।
उत्तरः असम में ब्रह्मपुत्र के किनारे नीलाचल पहाड़ी पर माँ कामाख्या का प्रसिद्ध शक्तिपीठ है।
प्रश्न 8. भारत में ब्रह्मपुत्र पर कितने बाँध हैं?
उत्तरः भारत में ब्रह्मपुत्र पर चार बाँध हैं।
लघु उत्तरीय प्रश्न (Short Answer Questions)
प्रश्न 9. ब्रह्मपुत्र की बाढ़ के क्या-क्या कारण हैं?
उत्तरः ब्रह्मपुत्र की बाढ़ के निम्नलिखित प्रमुख कारण हैं — (1) नदी के किनारे के वनों की कटाई से मिट्टी का कटाव होता है और मिट्टी नदी में आ मिलती है जिससे नदी की पेटी उथली हो जाती है। (2) विभिन्न प्रकार का कूड़ा-कचरा नदी में फेंके जाने से उसकी गहराई घटती जा रही है। (3) बरसात के मौसम में सभी सहायक नदियाँ एक साथ उफान पर होती हैं जिससे ब्रह्मपुत्र में अत्यधिक जल आ जाता है। (4) ग्लेशियर पिघलने की दर बढ़ने से भी जल की मात्रा बढ़ती है। इन सब कारणों से बाढ़ की विकराल समस्या बनती है।
प्रश्न 10. ब्रह्मपुत्र की बाढ़ से क्या-क्या नुकसान होते हैं?
उत्तरः ब्रह्मपुत्र की बाढ़ से निम्नलिखित नुकसान होते हैं — (1) गाँव-के-गाँव जलमग्न हो जाते हैं और लोगों को घर-बार छोड़कर भागना पड़ता है। (2) फसलें और खेत नष्ट हो जाते हैं जिससे किसानों को भारी आर्थिक हानि होती है। (3) काजीरंगा जैसे राष्ट्रीय उद्यानों के वन्य प्राणी — विशेष रूप से एक सींग वाले गैंडे — खतरे में पड़ जाते हैं। (4) सड़कें और पुल टूट जाते हैं। (5) बाढ़ के बाद महामारी का खतरा बना रहता है।
प्रश्न 11. ब्रह्मपुत्र को बचाने के लिए हमें क्या करना चाहिए?
उत्तरः ब्रह्मपुत्र को बचाने के लिए हमें निम्नलिखित कदम उठाने चाहिए — (1) नदी के किनारे के वनों की कटाई रोकनी चाहिए और नए पेड़ लगाने चाहिए। (2) नदी में कूड़ा-कचरा, प्लास्टिक आदि फेंकना बंद करना चाहिए। (3) रेत और मिट्टी का अवैध खनन रोकना चाहिए। (4) नदी की पेटी को गहरा करने के उपाय करने चाहिए। (5) बाढ़ नियंत्रण के लिए तटबंध और जल प्रबंधन की व्यवस्था करनी चाहिए। (6) लोगों में जागरूकता फैलानी चाहिए कि ब्रह्मपुत्र उनकी जीवन-रेखा है और उसकी रक्षा करना उनका कर्तव्य है।
प्रश्न 12. ब्रह्मपुत्र को ‘महाबाहु’ क्यों कहा जाता है?
उत्तरः ब्रह्मपुत्र को ‘महाबाहु’ इसलिए कहा जाता है क्योंकि यह एक विशाल और शक्तिशाली नदी है जो तीन देशों — चीन (तिब्बत), भारत और बांग्लादेश — से होकर बहती है। इसकी चौड़ाई असम के मैदानों में कई किलोमीटर तक पहुँच जाती है। यह नदी असम को अपनी विशाल भुजाओं की तरह थामे हुए है — इसीलिए इसे ‘महाबाहु’ अर्थात विशाल भुजाओं वाला कहा गया है। इसकी व्यापकता और शक्ति के कारण इसे ‘नद’ (पुल्लिंग) माना जाता है, ‘नदी’ नहीं।
बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQ)
प्रश्न 1. ब्रह्मपुत्र की माँ का नाम क्या है?
उत्तरः (क) अमोघा
प्रश्न 2. ब्रह्मपुत्र को चीन में किस नाम से जाना जाता है?
उत्तरः (ख) सॉ-पो
प्रश्न 3. नीलाचल पहाड़ी पर किसका मंदिर है?
उत्तरः (ग) माँ कामाख्या
प्रश्न 4. चेमा युंगदुंग हिमानी पृथ्वी की सतह से कितनी ऊँचाई पर है?
उत्तरः (घ) 5100 मीटर
प्रश्न 5. ब्रह्मपुत्र की गोद में बसा प्रसिद्ध नदी-द्वीप कौन सा है?
उत्तरः (क) माजुली
प्रश्न 6. ब्रह्मपुत्र असम में किस दिशा में बहता है?
उत्तरः (ख) पूर्व से पश्चिम
प्रश्न 7. ब्रह्मपुत्र भारत का कौन-सा राष्ट्रीय जलमार्ग है?
उत्तरः (ग) संख्या-2
प्रश्न 8. ब्रह्मपुत्र को असम में किस नाम से भी जाना जाता है?
उत्तरः (घ) बूढ़ा लूइट